कैंसर, वैश्विक स्तर पर मृत्यु के प्रमुख कारणों में से एक है, हर साल तमाम प्रकार के कैंसर के कारण लाखों लोगों की मौत हो जाती है। रिपोर्ट्स से पता चलता है कि दुनियाभर में पिछले एक दशक में ब्रेन कैंसर के मामलों में तेजी से वृद्धि आई है। मस्तिष्क में कैंसरयुक्त असामान्य कोशिकाओं की वृद्धि ट्यूमर का कारण बनती है जिससे ब्रेन कैंसर का खतरा हो सकता है। यह सबसे जानलेवा प्रकार के कैंसर में से एक है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, कैंसर के कारण मृत्युदर अधिक होने का प्रमुख कारण समय पर इस रोग का निदान न हो पाना है। ज्यादातर लोगों में कैंसर का पता ही तब चल पाता है जब वह काफी बढ़ चुका होता है। दुनियाभर में बढ़ते कैंसर के जोखिमों को लेकर लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से हर साल चार फरवरी को विश्व कैंसर दिवस मनाया जाता है।
ब्रेन कैंसर के शीघ्र निदान के उपायों की खोज कर रही वैज्ञानिकों की टीम को बड़ी सफलता मिली है। सर्जनों और वैज्ञानिकों ने ब्रेन कैंसर के लिए दुनिया का पहला रक्त परीक्षण विकसित किया है जिसकी मदद से समय रहते कैंसर का पता लगाया जा सकेगा। समय रहते उपचार मिलने से रोगियों के जीवित रहने की दर को बढ़ाने में भी मदद मिल सकती है।
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